अविनाश रंजन स्टेट ब्यूरो चीफ की रिपोर्ट
बिहार वैशाली हाजीपुर न्यूज
जिला पदाधिकारी श्रीमती वर्षा सिंह द्वारा स्वास्थ्य विभाग की गहन समीक्षा : दिए गए सख्त निर्देश |
जिला पदाधिकारी, वैशाली श्रीमती वर्षा सिंह की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सिविल सर्जन, वैशाली, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी, जिला गैर-संचारी रोग पदाधिकारी, डब्ल्यूएचओ की टीम, सभी स्वास्थ्य संस्थानों के उपाधीक्षक, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, अस्पताल प्रबंधक एवं स्वास्थ्य प्रबंधक उपस्थित रहे।
समीक्षा के क्रम में जिलाधिकारी द्वारा नियमित टीकाकरण कार्यक्रम की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। बीसीजी टीकाकरण में एमएमआईएस एवं यू-विन पोर्टल के आंकड़ों में अंतर पाए जाने पर इसे तत्काल ठीक करने का निर्देश दिया गया। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि कोई भी गर्भवती महिला एवं नवजात शिशु किसी भी टीके से वंचित न रहे। सभी संबंधित पदाधिकारियों को टीकाकरण के प्रत्येक सूचकांक में न्यूनतम 95 प्रतिशत से अधिक उपलब्धि सुनिश्चित करने को कहा गया।
शहरी क्षेत्रों में टीकाकरण एवं अन्य स्वास्थ्य सुविधाएं आमजनों तक पहुंचाने के लिए नगर निकायों के साथ समन्वय बैठक आयोजित करने तथा प्रत्येक वार्ड में स्वास्थ्य सेवाएं सुलभ कराने का निर्देश दिया गया।
बैठक में यह भी बताया गया कि जिले के सभी 6 शैय्या वाले प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को उत्क्रमित कर 30 शैय्या वाले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के रूप में स्वीकृति प्रदान की गई है। इसके साथ ही सदर अस्पताल को अतिविशिष्ट स्वास्थ्य सेवा अस्पताल एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को विशिष्ट स्वास्थ्य सेवा अस्पताल के रूप में सात निश्चय-3 के अंतर्गत स्वीकृति मिली है। आधारभूत संरचना, मानव संसाधन (चिकित्सक, नर्स एवं अन्य पैरामेडिकल स्टाफ) तथा आवश्यक उपकरणों की उपलब्धता को लेकर प्रस्ताव तैयार कर समय-सीमा के भीतर विभाग को भेजने का निर्देश दिया गया, ताकि निर्धारित मानकों के अनुरूप अस्पतालों का विकास किया जा सके।
भव्या कार्यक्रम के अंतर्गत प्रस्तुत किए गए प्रस्तुतीकरण की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी अस्पतालों में पंजीकरण काउंटर समय पर खुले, चिकित्सकों की उपस्थिति शत-प्रतिशत सुनिश्चित हो, मरीजों का वाइटल जांच अनिवार्य रूप से किया जाए तथा जांच एवं एक्स-रे की सुविधा सभी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध रहे। सहदेई बुजुर्ग एवं राघोपुर स्वास्थ्य संस्थानों की स्थिति संतोषजनक नहीं पाए जाने पर जिलाधिकारी ने असंतोष व्यक्त करते हुए शीघ्र सुधार के सख्त निर्देश दिए। परिवार नियोजन ऑपरेशन एवं संस्थागत प्रसव को भी प्रभावी ढंग से संचालित करने का निर्देश दिया गया।

स्वास्थ्य संस्थानों हेतु भूमि उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए अंचल अधिकारियों से समन्वय स्थापित करने का निर्देश दिया गया। साथ ही जिलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी अस्पताल में यदि प्रशासनिक स्तर पर किसी समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा हो, तो उसकी सूचना तत्काल उन्हें दी जाए, ताकि समस्या का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित किया जा सके।





