महावीर कोलवाशरी में मिलावट का खेल? रेलवे रैक से आ रही छाई, करोड़ों का घोटाला!
रेलवे रैक से आ रही संदिग्ध छाई पर चुप क्यों आरपीएफ, करोड़ों के खेल में पावर कंपनियों की मिलीभगत या लापरवाही?
जिला सिंगरौली । सिंगरौली जिले के गोरबी क्षेत्र स्थित महादेइया की महावीर कोलवाशरी में कोयले का काला खेल अब छोटे घोटाले की सीमा पार कर अरबों रुपए के आंकड़े को छूने की चर्चा है। आरोप है कि कोयला माफियाओं, पावर कंपनियों और कथित सफेदपोश संरक्षण के दम पर कोयले में मिलावट का संगठित खेल वर्षों से बदस्तूर जारी है। रेलवे रैक से आ रही संदिग्ध छाई ने पूरे मामले को और भी संदिग्ध बना दिया है। सवाल उठ रहा है कि आखिर इतनी बड़ी गतिविधि के बावजूद जिम्मेदार एजेंसियां अब तक खामोश क्यों हैं। क्या यह सिर्फ लापरवाही है या फिर सिस्टम के भीतर ही कहीं गहरी सांठगांठ छिपी है। स्थानीय लोगों का दावा है कि इस पूरे खेल में रेत माफियाओं और पावर कंपनियों की मिलीभगत से इनकार नहीं किया जा सकता।
बताया जा रहा है कि रेलवे रैक के जरिए लगातार बाहरी सामग्री क्षेत्र में लाई जा रही है। एक-एक रैक में आधा सैकड़ा डिब्बों के माध्यम से पहुंच रही





